भजन

मेरे शिव शंकर महाकाल

शिव अविनाशी कैलाश वासी,

शंभू दिन दयाल,

नाश करे जो हर

संकट का,

धर के रूप विकराल,

वो कालो के है काल,

मेरे शिव शंकर महाकाल,

वो कालो के है काल,

मेरे शिवशंकर महाकाल।।

इनकी शरण में रहते मगन है,

भक्त है इनके निराले,

भक्तो को भोले दुष्टों को भाले,

शिव शंकर डमरू वाले,

पल में जो तारे किस्मत संवारे,

काटे जो दुखो का जाल,

करके कृपा जो भरते है झोली,

कर देते है मालामाल,

वो कालो के है काल,

मेरे शिवशंकर महाकाल।।

भंग तरंग में रहते मलंग है,

शिव शंकर त्रिपुरारी,

चरणों की धुली से पावन है होते,

आते जो बन के भिखारी,

अलबेले जोगी सन्यासी योगी,

बाबा मेरे बेमिसाल,

दर पे जो आए उसको कभी भी,

रहने ना देते मलाल,

वो कालो के है काल,

मेरे शिवशंकर महाकाल।।

शिव अविनाशी कैलाश वासी,

शंभू दिन दयाल,

नाश करे जो हर संकट का,

धर के रूप विकराल,

वो कालो के है काल,

मेरे शिव शंकर महाकाल,

वो कालो के है काल,

मेरे शिवशंकर महाकाल।।

Singer & Lyrics – Shubham Sen