भजन

महाकाल का दीवाना उज्जैन घूमता है

महाकाल का दीवाना,

उज्जैन घूमता है,

मेरे बाबा की कृपा से,

चौखट को चूमता है।।

तर्ज – तेरे नाम का दीवाना।

शिवजी अनादि,

शिवजी ही अंत,

संकट को बाबा,

हरते तुरंत,

महांकाल का जयकारा,

जन-जन में गूंजता है,

महांकाल का दीवाना,

उज्जैन घूमता है।।

सत्य है शिव और,

सुंदर है शिव,

देवों के महादेव,

कण कण में शिव,

कैलाश की हवा में,

शिवनाम

गूंजता है,

महांकाल का दीवाना,

उज्जैन घूमता है।।

शिवजी की जग में,

महिमा महान,

‘सचिन’ संग ऋषि मुनि,

गाते गुणगान,

श्री शिवाय नमस्तुभ्यं,

हर प्राणी बोलता है,

महांकाल का दीवाना,

उज्जैन घूमता है।।

महाकाल का दीवाना,

उज्जैन घूमता है,

मेरे बाबा की कृपा से,

चौखट को चूमता है।।

गायक / प्रेषक – सचिन निगम।

8756825076