भजन

हर हर हर हर महादेव जय

हर हर हर हर महादेव जय,

दोहा – शिव अनाथ के नाथ है,

सचमुच भोले नाथ,

बडभागी है शीश वह,

जिस पर शिव का हाथ।

हर हर हर हर महादेव जय,

तुम हो सब देवन के देव जय,

हर हर हर हर महादेव जय।।

राग – मालकौंस।

उमानाथ कैलाश के वासी,

ध्यान धरे जोगी सन्यासी,

वेद न जानत तुम्हरो भेद जय,

हर हर हर हर महादेव जय।।

शीश जटा है गंग मनोहर,

त्रिलोचन सुचि कानन कुंडल,

सुर नर मुनि जन करत ध्यान जय,

हर हर हर हर महादेव जय।।

हर हर हर हर महादेव जय,

तुम हो

सब देवन के देव जय,

हर हर हर हर महादेव जय।।

गायक – पं. संतोष रामायनी बरेली।

प्रेषक – डॉ सजन सोलंकी।

9111337188